23 January 2005

फिलाडेलफिया में हिमपात













शीत ऋतु में आमतौर पर चार छः ईंच तो बर्फ अक्सर गिरती है| पर दो विपरीत दिशा से चल रहे बर्फीले तूफानों के इस क्षेत्र के आसमान में भिड़ जाने की वजह से जबरदस्त हिमपात हो गया|बर्फ गिरी और क्या खूब गिरी| डेढ फुट बर्फ दो दिन में गिर गयी| जनता घर में कैद होकर बोर हो गयी| मौसम खुलते ही सब निकल पड़े अपने औजार लेकर अपनी कारो से बर्फ हटाने में| चाहे कही जाना हो न हो यह काम तो करना ही पड़ता है| शुरू में पाउडर सरीखी बर्फ आसानी से हट जाती है| कुछ लोग जो आज करे सो कल कर , कल करे सो परसो , इतनी जल्दी क्या है प्यारे जब जीना है बरसो वाली नीति में यकीन रखते हैं, उनके कार के चारो ओर बर्फ फिर पत्थर सरीखी जम जाती है|बर्फ साफ करते समय तेज हवा चलने से बारीक बर्फ चेहरो पर आकर फिसल रही थी लेकिन बच्चे बर्फ पर फिसलने को बेताब हो रहे थे| स्नोमैन बनाये बिना घर के अंदर आने को तैयार नही थी नन्हें शैतानो की टोली| आप भी देखिए हिम के नजारे|


चलते चलतेः मेरे पाठको और मित्रो सभी को हार्दिक धन्यवाद, जिनके स्नेह और समर्थन से रोजनामचा Best Indic Indiblog Awards 2004 [ श्रेणी] में, विजेता घोषित हुआ है|

3 comments:

Anurag said...

Atul bhai, Badhai ho! Don't know hindi mein kaise comment karein, is liye angrezi mein likh raha hoon. Aapka blog bahut hi badhiya aur sab se badhiya hai. :)

Brijesh Goswami said...

Jai ho Atul Bhaiya. Bahut khoob. aaj tak suna tha banke bihari makhan hee hate he.. aab baraf khate bhee dekh lia. Puruskar jeetne par bahut bahut badhai.

Brijesh

Anonymous said...

Puruskar Jitne Par Bahoot Mubarak Baad Atul Bhai. Jamkar Date Raho Hndi Ke Maidan Mein.

Vineet Sinha